Krishna Janmashtami 2023: जन्माष्टमी के अवसर पर देश भर में धूम रही है। इसी बीच कश्मीर में भी कृष्ण जनमाष्टमी (Krishna Janmashtami 2023) का पर्व धूमधाम से मनाया गया। बड़ी बात ये है कि कभी आतंकियों का गढ़ रहने वाले लाल चौक के आसपास की सड़कों पर भी श्री कृष्ण जन्माष्टमी पर शोभायात्रा निकाली गई।
कश्मीरी पंडित समुदाय सहित अन्य लोगों ने भगवान कृष्ण का जन्म दिन मनाया। हब्बा कदल में स्थित कत्लेश्वर मंदिर से शुरू होकर यह शोभा यात्रा प्रसिद्ध लाल चौक से गुज़रते हुए घंटाघर तक पहुंची। इस यात्रा में भगवान श्री कृष्ण की फूलों से सजी झांकी निकाली गई। शोभा यात्रा के दौरान रास्ते में मुस्लिम और अन्य धर्म के लोगों ने शोभा यात्रा पर फूल बरसाकर बधाई दी।
खबर में यह भी पढ़ें…

दरअसल, शोभा यात्रा के मुख्य आयोजक अभिमन्यु दास ने बताया कि यह झांकी वर्षों से निकल रही है और लगातार पूजा अर्चना हो रही है यह हमारा महत्वपूर्ण त्योहार है यहां के ही नहीं बल्कि बाहर से भी लोग भी इस आयोजन में शामिल हुए हैं। हमारे यहां स्थानीय लोगों के साथ जो भाईचारा यहां पर है वो बना रहे हमारी दुआ हैं।
बधाई देने के लिए शोभायात्रा में पहुंचे किशन सिंह बेदी ने कहा कि हम सभी लोग मिल जुल कर त्योहार मनाते हैं। हम सब इसको मिलकर मनाते हैं ये कश्मीरियत है। इस यात्रा में महिलाओं ने भी बढ़ चढ़ कर हिस्सा लिया और भगवान के भक्ति संगीत पर नृत्य भी किया। लोगों ने हाथों में ढोलक और घंटियां लिए भगवान श्री कृष्ण के भक्तों ने भजन गाकर इस शोभा यात्रा की शोभा बढ़ाई।
कश्मीर घाटी के कृष्ण भक्तों में खुशी की लहर

जम्मू से आयी एक भक्त ने कहा कि बहुत अच्छा महसूस हो रहा हैं। हमें पता चला कि लाल चौक पर झांकी निकल रही है। हम पहले मंदिर गए और अब झांकी में आए हैं, झांकी देखकर बहुत ही अच्छा लग रहा है। बता दें कि इस तरह की हिन्दू शोभा यात्रा कश्मीर में लम्बे समय बाद देखने को मिली है।
Krishna Janmashtami 2023 पर कड़ी सुरक्षा के बीच निकाली गई शोभायात्रा

Krishna Janmashtami 2023 शोभा यात्रा श्रीनगर के हब्बा कदल में स्थित कत्लेश्वर मंदिर से निकाली गई और श्रीनगर शहर के सभी मुख स्थानों से गुजरते हुए यह यात्रा लाल चौक पर जाकर सम्पन्न हुई। कश्मीर घाटी में पुराने समय से यह यात्रा निकलती आई है लेकिन बढ़ते आतंकवाद के कारण 90 के दशक से यह शोभा यात्रा निकलनी बंद हो गई थी। लेकिन अब पिछले कई वर्षों से फिर से शोभा यात्रा शुरू की गयी और इस बार भी बहुत ही कड़े सुरक्षा इंतजामों के बीच यात्रा संपन्न हुई है।
यह भी पढ़ें-Shri Krishna: माखनचोर नहीं पराक्रमी योद्धा थे, जाने कितने युद्ध लड़े…